कांग्रेस-सपा कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प, नेताओं को हिरासत में लिया गया

अलीगढ़: उत्तर प्रदेश के Aligarh में शुक्रवार को कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन उस वक्त उग्र हो गया, जब डीएम कार्यालय की तालाबंदी करने पहुंचे नेताओं की पुलिस से तीखी झड़प हो गई। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई नेताओं को हिरासत में ले लिया।
जानकारी के मुताबिक, Indian National Congress और Samajwadi Party ने संयुक्त रूप से तीन दिन का अल्टीमेटम दिया था। मांग पूरी न होने पर दोनों दलों के नेता शुक्रवार दोपहर 12 बजे डीएम कार्यालय पहुंचे और तालाबंदी की कोशिश की।
तालाबंदी के दौरान हंगामा
तालाबंदी के प्रयास के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की और झड़प हुई। इसके बाद पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए:
- सपा छात्र सभा महानगर अध्यक्ष Mohsin Mewati को हिरासत में लिया
- कांग्रेस नेता Raja Bhaiya को भी पकड़ा गया
इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। पुलिस ने करीब दो घंटे तक हिरासत में रखने के बाद नेताओं को चेतावनी देकर छोड़ दिया।
अधिकारियों पर गंभीर आरोप
घटना के बाद कांग्रेस और सपा नेताओं ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए।
कांग्रेस नेता राजा भैया ने कहा:
- अधिकारी शिक्षा माफियाओं के दबाव में काम कर रहे हैं
- NCERT की किताबें स्कूलों में लागू नहीं की जा रहीं
- इससे निजी प्रकाशकों और शिक्षा माफिया को फायदा हो रहा है
उन्होंने कहा कि तीन दिन पहले प्रशासन को चेतावनी दी गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
“शिक्षा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं”
कांग्रेस नेता ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही स्कूलों में NCERT की किताबें लागू नहीं की गईं, तो आगे और बड़ा आंदोलन होगा।
- बीएसए कार्यालय का घेराव और बंधक बनाने की चेतावनी
- शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग
सपा का भी सरकार पर हमला
वहीं सपा नेता मोहसिन मेवाती ने आरोप लगाया:
- अधिकारी और सरकार मिलकर “बंदरबांट” कर रहे हैं
- गरीब परिवार अपने बच्चों की पढ़ाई नहीं करा पा रहे
- शिक्षा माफिया के खिलाफ आंदोलन जारी रहेगा
निष्कर्ष
अलीगढ़ में शिक्षा के मुद्दे पर शुरू हुआ यह विवाद अब राजनीतिक टकराव में बदलता दिख रहा है। कांग्रेस और सपा के तेवरों से साफ है कि आने वाले दिनों में यह आंदोलन और तेज हो सकता है।




