कानपुर में सूखे स्विमिंग पूल पर सपा विधायक का अनोखा विरोध, नगर निगम की लापरवाही पर उठे सवाल

उत्तर प्रदेश के कानपुर में नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करते हुए एक अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। मामला नाना राव पार्क स्थित स्विमिंग पूल का है, जिसे करोड़ों रुपये खर्च करने के बावजूद अब तक चालू नहीं किया गया है।
सूखे पूल में ‘स्विमिंग’ कर जताया विरोध
इस लापरवाही के खिलाफ समाजवादी पार्टी के विधायक ने प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया।
अमिताभ बाजपेई अपने कार्यकर्ताओं के साथ सीधे सूखे स्विमिंग पूल में पहुंच गए और वहीं “तैराकी” करते हुए विरोध दर्ज कराया।
‘स्लीपिंग पूल’ का बैनर लगाकर तंज
विरोध के दौरान विधायक और कार्यकर्ताओं ने पूल में एक बैनर लगाया, जिस पर “Swimming Pool” की जगह मजाकिया अंदाज में “Sleeping Pool” लिखा गया।
विधायक ने आरोप लगाया कि नगर निगम के अधिकारी “सो रहे हैं”, इसलिए पूल भी उसी स्थिति में पड़ा है।
प्रतीकात्मक प्रदर्शन में सोते अधिकारी का चित्र
प्रदर्शन के दौरान एक प्रतीकात्मक दृश्य भी दिखाया गया, जिसमें अधिकारियों को सोते हुए दर्शाया गया। इसके बाद विधायक ने नगर निगम से पूल को जल्द शुरू करने की मांग की।
करोड़ों खर्च, लेकिन सुविधा अब भी बंद
अमिताभ बाजपेई ने कहा कि:
- स्विमिंग पूल 10 मार्च तक शुरू होना था
- 50 दिन बीत चुके हैं लेकिन अब तक चालू नहीं हुआ
- इससे नगर निगम को राजस्व का नुकसान हो रहा है
- जनता को भीषण गर्मी में सुविधा नहीं मिल रही
नगर निगम पर लापरवाही के आरोप
विधायक ने आरोप लगाया कि:
- परियोजना पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए
- लेकिन संचालन में गंभीर लापरवाही बरती जा रही है
- गर्मी के मौसम में भी जनता को सुविधा नहीं मिल रही
राजनीतिक तकरार तेज
इस प्रदर्शन के बाद कानपुर में नगर निगम की कार्यशैली को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। विपक्ष का आरोप है कि विकास परियोजनाएं केवल कागजों पर पूरी हो रही हैं, जबकि जमीन पर सुविधाएं अधूरी पड़ी हैं।




