राज्य

दल-बदल विवाद में JDU सांसद गिरिधारी यादव को स्पीकर का नोटिस, लोकसभा अध्यक्ष ने मांगा जवाब

लोकसभा में दल-विरोधी गतिविधियों को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने जनता दल (यूनाइटेड) के सांसद गिरिधारी यादव को नोटिस जारी कर उनसे जवाब तलब किया है. यह कार्रवाई जेडीयू की ओर से दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर की गई है, जिसमें उन पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगाए गए हैं.

मामले की शुरुआत 25 मार्च को हुई, जब जेडीयू नेता दिलेश्वर कामत ने लोकसभा अध्यक्ष को पत्र सौंपकर गिरिधारी यादव की अयोग्यता की मांग की थी. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि यादव ने पार्टी लाइन के खिलाफ जाकर गतिविधियां कीं और विधानसभा चुनाव के दौरान पार्टी प्रत्याशी के विरोध में प्रचार किया.

बेटे के चुनाव को लेकर भी उठे सवाल

शिकायत में यह भी कहा गया है कि गिरिधारी यादव के पुत्र चाणक्य प्रकाश रंजन ने आरजेडी के टिकट पर बेलहर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा था. आरोप है कि इस दौरान सांसद ने अपने बेटे के समर्थन में प्रचार किया, जो जेडीयू के अधिकृत उम्मीदवार के खिलाफ था. इस सीट पर जेडीयू प्रत्याशी मनोज यादव ने बड़े अंतर से जीत दर्ज की थी.

लंबे राजनीतिक करियर पर भी चर्चा

गिरिधारी यादव का राजनीतिक सफर लंबा रहा है. उन्होंने 2010 और 2015 में जेडीयू के टिकट पर विधानसभा चुनाव जीता. वहीं लोकसभा चुनाव में उन्होंने बांका सीट से अब तक पांच बार जीत दर्ज की है. पहली बार उन्होंने जनता दल के टिकट पर जीत हासिल की थी, जबकि 2004 में वह आरजेडी के टिकट पर सांसद बने थे. 2019 के बाद से वे लगातार जेडीयू के सांसद हैं.

स्पीकर ने शुरू की औपचारिक प्रक्रिया

शिकायत मिलने के बाद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने अब गिरिधारी यादव से इस पूरे मामले में जवाब मांगा है. इस नोटिस के साथ ही दल-बदल और पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोपों पर औपचारिक प्रक्रिया शुरू हो गई है. अब आगे की कार्रवाई सांसद के जवाब और जांच प्रक्रिया पर निर्भर करेगी.

इसी मामले को लेकर दिलेश्वर कामत ने पहले ही स्पीकर से मुलाकात कर विस्तृत शिकायत सौंपी थी और आरोप लगाया था कि उनके पास यादव की पार्टी विरोधी गतिविधियों के पर्याप्त सबूत मौजूद हैं.

Related Articles

Back to top button