गन्ने के दाम बढ़ाने पर जयंत चौधरी ने की योगी सरकार की तारीफ, जानें क्या कहा

केंद्रीय राज्य मंत्री और राष्ट्रीय लोकदल (RLD) के अध्यक्ष जयंत चौधरी ने उत्तर प्रदेश में गन्ने की कीमतें बढ़ाने के फैसले का स्वागत किया है।उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ सरकार ने बिना किसी आंदोलन या मांग के गन्ने का मूल्य ₹30 प्रति क्विंटल बढ़ाकर यह साबित कर दिया है कि एनडीए सरकार किसानों के लिए काम कर रही है।
जयंत चौधरी बोले — “किसानों के चेहरे पर लौटी मुस्कान”
जयंत चौधरी ने कहा,“योगी सरकार ने उस वक्त गन्ने के दाम बढ़ाए जब न तो किसान और न ही कोई किसान संगठन इसकी मांग कर रहा था।यह दिखाता है कि एनडीए सरकार किसानों के हित के लिए समर्पित है।इस फैसले से प्रदेश के लाखों किसानों के चेहरे पर मुस्कान लौट आई है।”
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किसानों की “दिल की बात” सुनी और बिना किसी दबाव के एक झटके में 30 रुपये की बढ़ोतरी करके इतिहास रच दिया।
“तीसरी बार एनडीए सरकार बनी तो गन्ना 400 पार होगा” — जयंत चौधरी
जयंत चौधरी ने कहा कि लोकदल हमेशा किसानों के बीच रहता है और उनकी भावनाओं को समझता है।उन्होंने याद दिलाया कि लोकसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कहा था — “अबकी बार 400 पार, गन्ना भी 400 पार।”अब एनडीए सरकार ने उस वादे को पूरा किया है।“जिस तरह से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गन्ने का दाम बढ़ाया है, ऐसा बीजेपी सरकार के किसी मुख्यमंत्री ने पहले कभी नहीं किया,”
उन्होंने कहा।
किसानों को मिलेगा 3,000 करोड़ रुपये का फायदा
जयंत चौधरी ने कहा कि इस फैसले से किसानों को करीब 3,000 करोड़ रुपये का सीधा लाभ मिलेगा।उन्होंने कहा कि यह फैसला साबित करता है कि यह सरकार वास्तव में किसानों की सरकार है।
उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों को धन्यवाद देते हुए कहा कि“एनडीए की सरकार किसानों के जीवन में खुशहाली लाने के लिए काम कर रही है।”
बस्ती में रद्द हुई जनसभा, कार्यकर्ताओं से की मुलाकात
जयंत चौधरी सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर बस्ती जिले पहुंचे थे,जहां उन्हें वाल्टरगंज स्थित नारंग इंटर कॉलेज में जनसभा को संबोधित करना था।हालांकि, खराब मौसम के कारण कार्यक्रम रद्द कर दिया गया।
इस दौरान उन्होंने बस्ती सर्किट हाउस में कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और कहा कि“राष्ट्रीय लोकदल अब पश्चिमी यूपी से निकलकर पूर्वांचल में भी अपनी संगठनात्मक पकड़ मजबूत कर रहा है।”



