जिलों के नाम बदलने पर सियासत गरम: मायावती का SP पर हमला, फुले नगर का भी किया जिक्र
बहुजन समाज पार्टी (BSP) प्रमुख Mayawati ने शनिवार को समाजवादी पार्टी (SP) पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि उनकी सरकार ने कई जिलों के नाम बदलकर सामाजिक प्रतीकों का अपमान किया।
मायावती ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि उनकी सरकार ने अत्यंत पिछड़े वर्गों और बहुजन समाज के सम्मान में कई ऐतिहासिक फैसले लिए थे। इनमें अमरोहा को नया जिला बनाकर उसका नाम Jyotirao Phule के नाम पर ‘ज्योतिबा फुले नगर’ रखना भी शामिल था।
उन्होंने आरोप लगाया कि बाद में SP सरकार ने “संकीर्ण राजनीति और जातिगत द्वेष” के चलते इसका नाम फिर से बदलकर अमरोहा कर दिया।
कई जिलों के नाम बदलने का आरोप
BSP प्रमुख ने कहा कि उनकी सरकार ने कासगंज का नाम कांशीराम नगर, कानपुर देहात का नाम रमाबाई नगर, संभल का भीम नगर, शामली का प्रबुद्ध नगर और हापुड़ का पंचशील नगर रखा था।
मायावती का आरोप है कि SP सरकार ने इन जिलों को तो बनाए रखा, लेकिन सभी के नाम बदल दिए। उन्होंने इसे PDA राजनीति का उदाहरण बताते हुए SP पर तीखा हमला बोला।
फुले को बताया ‘सामाजिक परिवर्तन का पितामह’
Mayawati ने Jyotirao Phule की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि भी दी और कहा कि उन्हें देश में सामाजिक परिवर्तन का “पितामह” माना जाता है।
उन्होंने कहा कि फुले और उनकी पत्नी Savitribai Phule ने शिक्षा के जरिए महिला सशक्तिकरण की मजबूत नींव रखी।
अंबेडकर पर भी किया जिक्र
मायावती ने कहा कि B. R. Ambedkar भी ज्योतिबा फुले से प्रेरित थे और उन्होंने शिक्षा को सामाजिक बदलाव का सबसे बड़ा माध्यम बनाया।
उन्होंने कहा कि फुले के प्रयासों ने 19वीं सदी में दलितों और शोषित वर्गों के लिए एक बड़े सामाजिक आंदोलन की शुरुआत की, जिसने पूरे देश को प्रभावित किया।
इस बयान के बाद एक बार फिर उत्तर प्रदेश में नाम बदलने की राजनीति और सामाजिक प्रतीकों को लेकर बहस तेज हो गई है।



